भारत

ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मौजूद नहीं होने की धारणा गलत: जगत प्रकाश नड्डा

नई दिल्ली
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने मंगलवार को कहा कि भारत के ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मौजूद नहीं होने की धारणा गलत है।
श्री नड्डा ने राज्यसभा के प्रश्नकाल के दौरान एक पूरक प्रश्न के उत्तर में कहा कि कोरोना के दौरान सभी नागरिकों को कोविड के टीके लगाये गये हैं, जो इसका सबूत है कि स्वास्थ्य कार्यकर्ता देश के प्रत्येक कोने में पहुंच चुके हैं। उन्होंने कहा कि देश में शिशु मृत्यु दर और जच्चा बच्चा मृत्यु दर में भारी कमी आयी है। नौ करोड़ से ज्यादा माता बहनों की कैंसर जांच की गयी है। दो वर्ष तक के सभी बच्चों को अनिवार्य टीके लगाये जा रहे हैं। यह इसलिए संभव हो पा रहा है कि चिकित्सा कर्मी प्रत्येक व्यक्ति तक पहु्ंच रहे है।
उन्होंने कहा कि आरोग्य मंदिरों और टेली मेडिसिन के माध्यम से देश के दूर दराज के क्षेत्रों में चिकित्सा सेवाएं पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि यह धारणा गलत है कि ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं माैजूद नहीं है।
आयुष मंत्री प्रतापराव गणपतराव जाधव ने कहा कि आयुर्वेद औषधि की निर्माण प्रक्रिया की लगातार निगरानी की जाती है। इसके लिए एक समर्पित संस्थान है। उन्हाेंने कहा कि देश में आयुर्वेद औषधि का प्रयोग परंपरागत रूप से होता है। इसके लिए किये गये एक सर्वेक्षण के अनुसार ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में आयुर्वेद औषधि के बारे में जानकारी है।
श्री जाधव ने कहा कि ई – संजीवनी पोर्टल विभिन्न भाषाओं में उपलब्ध हैं और अनुरोध मिलने पर इसमें अन्य भाषाएं भी जोड़ी जा सकती है। एक अन्य पूरक प्रश्न के उत्तर में श्री नड्डा ने कहा कि ई – संजीवनी सस्ता और सरल है तथा दूर दराज के क्षेत्रों में बहुत प्रभावी हो रहा है। उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत से जुड़े आभा कार्ड में कोई भी व्यक्ति अपना चिकित्सा ब्याेरा रख सकता है।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने कहा कि देश में चिकित्सकों की जरुरत है। विशेषज्ञ चिकित्सकों की संख्या बढ़ाने के प्रयास किये जा रहे हैं।

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

 

Related Articles

Back to top button