मध्यप्रदेश

छात्रावास से सेना तक का सफर, अग्निवीर बने पिछड़ा वर्ग के पांच छात्र, छिंदवाड़ा जिले को दिलाया गौरव

सफलता की कहानी/विशेष समाचार

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

छिंदवाड़ा 

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के अग्निवीर भर्ती में युवाओं को नि:शुल्क प्रशिक्षण और बाद में अग्निवीरों को रोजगार में प्राथमिकता देने की घोषणा का युवाओं में सकारात्मक प्रभाव हुआ है। इसका शानदार उदाहरण है पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के अंतर्गत संचालित पिछड़ा वर्ग पोस्ट मैट्रिक बालक छात्रावास छिंदवाड़ा, जहां रहकर पढ़ाई कर रहे पांच मेधावी छात्रों ने अग्निवीर सेना भर्ती परीक्षा में सफलता अर्जित कर जिले को गौरवान्वित किया है। छिंदवाड़ा जिले ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि सरकार की योजनाओं का लाभ लेकर अपने सपनों को साकार किया जा सकता है। यानि इच्छाशक्ति दृढ़ हो और संसाधनों का समुचित उपयोग हो, तो कोई भी सपना अधूरा नहीं रहता। इन छात्रों में अंकित वर्मा, राजेश यदुवंशी, मोहन यदुवंशी, अंकित यदुवंशी एवं अर्जुन यदुवंशी ने कठिन परिश्रम, अनुशासन और समर्पण के बलबूते यह उपलब्धि हासिल की है। छात्रों की सफलता न केवल उनके स्वयं के जीवन में एक नया अध्याय जोड़ेगी, बल्कि यह जिले के अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगी।

छात्रावास में रहकर उन्होंने न सिर्फ अपनी शैक्षणिक यात्रा को दिशा दी, बल्कि सेना जैसी प्रतिष्ठित सेवा में जाने के लिये प्रशिक्षण प्राप्त कर अपना सपना भी साकार किया। इनकी सफलता उस नीति की जीवंत मिसाल है, जिसके तहत शासन द्वारा आर्थिक रूप से पिछड़े विद्यार्थियों को नि:शुल्क आवासीय सुविधा उपलब्ध कराई जाती है, जिससे वे जिला मुख्यालय स्थित महाविद्यालयों में अध्ययन कर अपने भविष्य को मजबूत बना सकें। शासन की योजनाएं इन छात्रों के लिए मील का पत्थर बनी।

इस उपलब्धि के लिए छात्रों ने अपने माता-पिता, गुरूजन, परिजन के आशीर्वाद एवं मार्गदर्शन तथा राज्य शासन की नीतियों और योजनाओं को श्रेय देते हुए हृदय से आभार व्यक्त किया है।

 

Related Articles

Back to top button