मध्यप्रदेश

भारत सरकार द्वारा बनाए जा रहे आयुष्मान कार्ड को गति जरूर मिल रही, लेकिन ओटीपी बना मुसीबत

राजगढ़
भारत सरकार द्वारा बनाए जा रहे आयुष्मान कार्ड को गति जरूर मिल रही है, लेकिन वेरिफिकेशन के लिए आने वाला वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) अब कर्मचारियों के लिए सिरदर्द बन चुका है। दरअसल, कभी मोबाइल नेटवर्क कमजोर होने के कारण ओटीपी नहीं आता, तो कभी मोबाइल में बैलेंस नहीं होने के कारण इनकमिंग सेवा बंद हो जाने के कारण भी मैसेज नहीं आ पा रहा है। ऐसे में कार्ड बनाने वाले परेशान होकर वापस लौटने को मजबूर हो जाते हैं।

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परेशानियों के बीच जारी है आयुष्मान कार्ड बनाने का काम
नगर परिषद के संजय शर्मा बताते हैं कि आधार कार्ड से लिंक मोबाइल नंबर पर ओटीपी फिलहाल परेशानी बना हुआ है। वेरीफाई और आयुष्मान कार्ड को एक्टिवेट करने के लिए ओटीपी आवश्यक होता है।
हालांकि टीम लगातार काम कर रही है। इसी का नतीजा है कि 400 से अधिक आयुष्मान कार्ड बन भी चुके हैं। विडंबना यह है कि बुधवार से लेकर शनिवार तक कार्ड जरूर बने, लेकिन दिक्कत आती जा रही है।
मूल रूप से आयुष्मान कार्ड बनाने की बड़ी जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग की है, लेकिन स्वास्थ्य विभाग का अमला निश्चित दिनों पर टीकाकरण में लग जाता है। ऐसे में नगर परिषद के अमले को ही मैदान में उतरना पड़ रहा है।
संजय शर्मा ने बताया कि सोमवार को सिर्फ एक एएनएम और नगर परिषद के कर्मचारियों ने कार्ड बनाने की प्रक्रिया की। नगर परिषद के प्रतीक यादव, यश मकवाना, विशाल मेवाती, मुकेश यादव आदि मौजूद रहे।

400 कार्ड और बनना बाकी
नगर परिषद के अनुसार, अधिकांश लोगों के कार्ड बनाए जा चुके हैं। इसके तहत बुधवार को जहां सिर्फ पांच कार्ड बने थे, तो वहीं गुरुवार को 71, शुक्रवार को 104 और शनिवार को 102 कार्ड बनाए जा चुके हैं। अब भी करीब 400 लोगों के कार्ड बनाने का काम बाकी है। माना जा रहा है कि एक सप्ताह के भीतर इस कार्य को पूर्ण कर दिया जाएगा।

एसडीएम और सीएमओ लगातार बनाए हुए हैं नजर
एसडीएम और सीएमओ इस काम को लेकर गंभीर नजर आ रहे हैं। दरअसल, पिछले दिनों एसडीएम आशा परमार ने नगर में पहुंचकर इस कार्य की प्रगति को देखते हुए जल्द से जल्द कार्य पूर्ण करने के लिए निर्देश भी दिए थे। नगर परिषद के संजय शर्मा के मुताबिक सीएमओ आरती गरवाल के मार्गदर्शन में तेजी से काम करने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं।

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