हमर छत्तीसगढ़

भिलाई के कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव को सुप्रीम कोर्ट से झटका, याचिका खारिज

बिलासपुर

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

छत्तीसगढ़ भिलाई से कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव ने हाई कोर्ट में लंबित चुनावी याचिका को खारिज करने की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी (स्पेशल लीव पिटीशन) दायर की थी। सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के बाद उनकी विशेष अनुमति याचिका खारिज कर दी है। बता दें इससे पहले हाई कोर्ट ने भी उनकी याचिका खारिज करते हुए चुनावी याचिका को सुनवाई योग्य माना था।

विधायक देवेंद्र पर चुनाव के दौरान गलत जानकारी देने और आपराधिक रिकार्ड छुपाने का आरोप है। भिलाई विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी रहे पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेम प्रकाश पांडेय चुनाव हार गए थे। इसके बाद देवेंद्र यादव के निर्वाचन को चुनौती देते हुए प्रेमप्रकाश पांडेय ने हाई कोर्ट में चुनाव याचिका दायर की।

इसमें कहा गया कि देवेंद्र यादव ने लोक प्रतिनिधित्व कानून का उल्लंघन किया है। चुनाव आयोग हर प्रत्याशी से शपथपत्र में आपराधिक और संपत्ति संबंधी मामलों की जानकारी मांगता है। लेकिन, आयोग से जानकारी छिपाना प्रविधानों का उल्लंघन है।

छत्तीसगढ़ के 21 विधायकों के खिलाफ आपराधिक मामले, दो साल में चार नए केस

यदि कोई उम्मीदवार इस तरह की जानकारी छिपाता है, तो उसका निर्वाचन शून्य घोषित किया जा सकता है। याचिका में कहा है कि देवेंद्र यादव ने जनप्रतिनिधित्व कानून का उल्लंघन कर अपनी संपत्ति की जानकारी छिपाई है। साथ ही आपराधिक मामलों का भी शपथत्र में जिक्र नहीं किया है।
सुप्रीम कोर्ट में लगाई थी स्पेशल लीव पिटीशन

हाई कोर्ट ने भाजपा के वरिष्ठ नेता प्रेम प्रकाश पांडेय की चुनाव याचिका स्वीकार कर लिया था। साथ ही निर्वाचन को चुनौती देने वाली याचिका को कोर्ट ने सुनवाई योग्य माना। विधायक देवेंद्र यादव ने इस याचिका को खारिज करने की मांग की थी, जिसे हाई कोर्ट ने खारिज कर दिया था। इस फैसले के खिलाफ देवेंद्र यादव ने सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका दायर की थी। प्रारंभिक सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने देवेंद्र यादव को राहत दी थी। जिसमें चुनाव याचिका पर स्टे दे दिया था।
याचिका को पूरी तरह से गलत बताया था

सुप्रीम कोर्ट में विधायक देवेंद्र यादव ने याचिका को पूरी तरह से गलत बताया था। अधिवक्ता ने दलील दी थी कि हाई कोर्ट ने सिविल प्रक्रिया संहिता के आदेश 7 नियम 11 के तहत आवेदन को खारिज करने की गलती की है। जिससे प्रेम प्रकाश पाण्डेय की चुनाव याचिका की स्वीकार्यता पर सवाल उठता है। मामले में प्रेम प्रकाश पांडेय की तरफ से उनके वकील ने तर्क दिया। सभी पक्षों की सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने विधायक देवेंद्र यादव की विशेष अनुमति याचिका खारिज कर दी है।

 

Related Articles

Back to top button