ग्वालियरमध्यप्रदेश

ग्वालियर पुलिस ने 1.82 करोड़ के 736 मोबाइल वापस कर लोगों की मुस्कान लौटाई

ग्वालियर
 साल के आखिरी महीने में ग्वालियर पुलिस ने 736 ऐसे लोगों को ऐसा तोहफा दिया, जो हमेशा इस वर्ष की याद दिलाएगा। इन लोगों के गुम हुए मोबाइल पुलिस ने खोज निकाले। इसमें नई तकनीक ने भी पुलिस का साथ दिया, जिससे इतनी बड़ी संख्या में मोबाइल मिल सके। जिनके मोबाइल गुम हुए थे, उन्होंने तो वापस मिलने की उम्मीद ही छोड़ दी थी। लेकिन जब यह मोबाइल दोबारा इनके हाथ में पहुंचा तो मायूस चेहरों पर मुस्कान लौट आई।

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

किसी ने किस्तों पर मोबाइल खरीदा था तो किसी के पिता, भाई, पति ने उपहार में मोबाइल दिया था। किसी के मोबाइल में महत्वपूर्ण डेटा था, जो सुरक्षित मिला। पुलिस का दावा है कि बरामद हुए 736 मोबाइलों की कीमत 1.82 करोड़ रुपये है। एसएसपी धर्मवीर सिंह ने बताया कि एएसपी अनु बेनीवाल के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच के डीएसपी नागेंद्र सिंह सिकरवार, साइबर सेल प्रभारी रजनी सिंह रघुवंशी और इनकी टीम ने कड़ी मेहनत की।

देश के अलग-अलग राज्यों तक यह मोबाइल पहुंच गए थे, लेकिन जैसे ही मोबाइल चालू हुए तो पुलिस ने संपर्क किया। इसके बाद यह मोबाइल पुलिस तक पहुंचे। रविवार को इन लोगों को पुलिस कंट्रोल रूम में बुलाया गया और मोबाइल लौटाए गए। एसएसपी का कहना है कि मोबाइल ढूंढने में अच्छा काम करने वाली टीम को पुरस्कृत किया जाएगा।
इन कंपनियों के थे मोबाइल

एपल, सैमसंग, ओप्पो, वीवो, रेड-मी, रियलमी, पोको, लावा, गूगल, मोटोरोला, वनप्लस सहित अन्य कंपनियों के मोबाइल शामिल हैं।

संचार साथी एप

अगर कोई मोबाइल खो जाए तो अपने घर के किसी अन्य सदस्य के मोबाइल में संचार साथी एप डाउनलोड करें या संचार साथी पोर्टल के जरिये मोबाइल गुम होने की रिपोर्ट कर सकते हैं।
सीईआईआर पोर्टल

दूरसंचार विभाग के ही सेंट्रल इलेक्ट्रानिक आइडेंटिटी रजिस्टर पोर्टल पर जाकर रिपोर्ट करें, लेकिन इसमें पुलिस रिपोर्ट की अनिवार्यता है, जबकि पुलिस थानों में शिकायत लेने से ही इंकार कर दिया जाता है।
यह जरूर संभाल कर रखें

    मोबाइल का बिल।
    मोबाइल के आईएमईआई नंबर।

ये बोले लोग : किस्त पर लिया था मोबाइल

    मेरे पति प्लम्बर का काम करते हैं। किस्त पर दो माह पहले ही मोबाइल लिया था। यह मोबाइल गिर गया था। आज वापस मिल गया, हम तो उम्मीद खो चुके थे, यह मोबाइल वापस मिलेगा। – लता कुशवाह।

मोबाइल गिर गया था

    मैं दिव्यांग हूं। सुरक्षा गार्ड की नौकरी कर मोबाइल खरीदा था। यह मोबाइल गिर गया। अब वापस मिल गया। पुलिस को धन्यवाद देता हूं। – विनोद सिकरवार।

मोबाइल तो मिला ही, डेटा भी मिल गया

    मैं जीआरएमसी से एमबीबीएस कर रही हूं। इंदौर से ग्वालियर आ रही थी। तभी बस में मोबाइल गिर गया था। मोबाइल में महत्वपूर्ण डेटा था। मोबाइल तो मिला ही, डेटा भी मिल गया। – पायल सोलंकी।

 

Related Articles

Back to top button