हमर छत्तीसगढ़

बिलासपुर के कानन पेंडारी चिड़ियाघर की शान सफेद बाघ ‘आकाश’ की मौत, पर्यटकों में छाई मायूसी

बिलासपुर

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर स्थित कानन पेंडारी चिड़ियाघर के लोकप्रिय सफेद बाघ ‘आकाश’ की  सुबह अचानक मौत हो गई। बताया जा रहा है कि टहलते समय आकाश को दिल का दौरा पड़ा, जिससे उसकी मौके पर ही मृत्यु हो गई।

चिड़ियाघर प्रबंधन के अनुसार, सुबह जब ज़ू कीपर पिंजड़े की सफाई के लिए पहुंचा और पानी डाला, तो उसने देखा कि आकाश के शरीर में कोई हरकत नहीं हो रही थी। तत्काल इसकी सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई। सूचना मिलते ही वन्य प्राणी चिकित्सक डॉ. पी.के. चंदन मौके पर पहुंचे और जांच के बाद बाघ को मृत घोषित किया। मौत के कारणों की पुष्टि के लिए शव का पोस्टमार्टम कराया गया, जिसमें कार्डियक अरेस्ट यानी दिल का दौरा पड़ना मौत की वजह पाई गई। इसके बाद बाघ के शव का अंतिम संस्कार किया गया।

सफेद बाघ ‘आकाश’ चिड़ियाघर में आने वाले पर्यटकों के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र था। उसकी असमय मौत से वन्य प्रेमियों और चिड़ियाघर स्टाफ में शोक का माहौल है। आकाश की मौत के बाद अब कानन पेंडारी चिड़ियाघर में सफेद बाघों की संख्या तीन रह गई है। हाल ही में ग्वालियर चिड़ियाघर से एक नया सफेद बाघ लाया गया था, जिससे इनकी संख्या चार हुई थी, लेकिन अब आकाश की मौत से संख्या फिर घट गई है।

कानन पेंडारी चिड़ियाघर लगभग 114.636 हेक्टेयर क्षेत्र में फैला हुआ है, जहां 70 से अधिक प्रजातियों के वन्यजीवों को देखा जा सकता है। इनमें सफेद बाघ, रॉयल बंगाल टाइगर, शेर, तेंदुआ, दरियाई घोड़ा, गैंडा, भालू, हिरण, इमू, शाही, विभिन्न पक्षी, मछलियां और सर्प शामिल हैं।

Related Articles

Back to top button