मध्यप्रदेश

विभागीय परामर्शदात्री समिति की बैठक में मंत्री चेतन्‍य काश्‍यप का उदबोधन

एमएसएमई क्षेत्र को नई ऊंचाईयों पर ले जाने और संभाव्‍य क्‍लस्‍टरों को कॉमन फेसिलिटेशन सेंटर की तरह सुविधाएं दिलाने के प्रयास

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

भोपाल
सू‍क्ष्‍म, लघु और मध्‍यम उद्यम मंत्री श्री चेतन्‍य कुमार काश्‍यप ने कहा कि एमएसएमई क्षेत्र के विकास के लिए नई नीतियों के निर्माण सहित कई महत्‍वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। मुख्‍यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन में इस क्षेत्र को नई ऊंचाइयों पर ले जाने और संभाव्‍य क्‍लस्‍टरों को कॉमन फेसिलिटेशन सेंटर की तरह सुविधाएं दिलाने के प्रयास हो रहें है।

मंत्री श्री काश्‍यप आज मंत्रालय वल्‍लभ भवन में विभागीय परामर्शदात्री समिति की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्‍होंने विभागीय उपलब्धियों की जानकारी देते हुए कहा कि गत वित्‍त वर्ष में विभाग का बजट 700 करोड़ रूपये का था, लेकिन मुख्‍यमंत्री के सहयोग से विभाग को 2100 करोड़ रुपये मिले, जिससे अनुदान सहायता की सभी लंबित देनदारियों का भुगतान संभव हो पाया।

नव उद्यमियों को बढ़ावा देने के लिए नई स्‍टार्ट अप नीति में उद्योग लगाने का विचार आने से लेकर उसे धरातल पर उतारने तक उद्यमियों को वित्‍तीय और तकनीकी सहायता उपलब्‍ध कराने के प्रावधान किये गये हैं। भारत सरकार के पोर्टल पर पं‍जीयन स्‍वीकृत होने पर नव उद्यमी को 10,000 रूपये प्रतिमाह की सहायता एक साल तक उपलब्‍ध कराने के प्रावधान किये गये हैं। यही नहीं माल निर्यात हेतु परिवहन व्‍यय पर अनुदान का प्रावधान भी किया गया है।

प्रदेश में नए औद्योगिक क्षेत्रों/क्‍लस्‍टरों के निर्माण और विकास के प्रयासों में तेजी लाई गई हैं। इन पर मिलने वाले अनुदान का युक्‍तियुक्‍तकरण किया गया है, जिससे अनुदान में एकरूपता आई है।

जबलपुर के रेडीमेड गारमेंट और छतरपुर के फर्नीचर क्‍लस्‍टर का उल्‍लेख करते हुए श्री काश्‍यप ने कहा कि वर्तमान में केन्‍द्र सरकार से वर्तमान क्‍लस्‍टरों में कॉमन फेसिलिटेशन सेंटर की जो सहायता मिलती है, वह संभावना वाले क्‍लस्‍टरों को नहीं मिलती है। हम प्रयास कर रहे हैं कि संभावना वाले क्‍लस्‍टरों को भी यह सुविधा मिल सके।

खिलौना उद्योग के क्षेत्र में उन्‍होंने आक्रामकता और हिन्‍सक प्रवृत्ति को वढ़ावा देने वाले खिलौने के निर्माण को हतोत्‍साहित कर सकारात्‍मक रचनात्‍मकता को बढ़ावा देने वाले खिलौने के निर्माण को प्रोत्‍साहित करने का सुझाव दिया। सामाजिक सुधार के लिए यह जरूरी है। बैठक में यह विषय पूर्व मंत्री श्री ओम प्रकाश सखलेचा ने उठाया, उनका यह कहना था कि बच्‍चों में आक्रामकता फैलाने वाले खिलौनों के कारण हिंसक प्रवृत्ति बढ़ रही है इसे रोकने के लिए आवश्‍यक कदम उठाना जरूरी है। श्री सखलेचा ने विभागीय उपलब्धियों की सराहना करते हुए श्री काश्‍यप और अधिकारियों को बधाई दी। बैठक में देवास की विधायक श्रीमती गायत्री राजे पवार भी उपस्थित थीं।

मंत्री श्री काश्‍यप के उद्बोधन से पूर्व एमएसएमई विभाग के प्रमुख सचिव श्री राघवेन्‍द्र सिंह और सचिव दिलीप कुमार ने विभागीय उपलब्धियों एवं भविष्‍य की कार्ययोजना पर प्रजेन्‍टेशन दिया।

 

Related Articles

Back to top button