मध्यप्रदेश

अनूपपुर में हेडमास्टर की जगह बेटा चला रहा था स्कूल, जानें कैसे खुल गई पोल?

 अनूपपुर

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

 अनूपपुर जिले के एक सरकारी स्कूल में हेडमास्टर की क्लास को उसकी बजाए उनके बेटे के पढ़ाने का मामला सामने आया है। इस मामले में हेडमास्टर और उसके बेटे के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। दरअसल, जिला पंचायत सीईओ अचानक स्कूलों का निरीक्षण करने निकले थे, जहां माध्यमिक विद्यालय चोलना में निरीक्षण कर रहे आधिकारी ने पाया कि हेडमास्टर का बेटा अपने पिता की जगह स्कूल में पढ़ा रहा था, जिसके बाद उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया।

ऐसे हुआ खुलासा

यह मामला तब सामने आया जब अनूपपुर जिला पंचायत के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) तन्मय वशिष्ठ शर्मा ने जिला मुख्यालय से 25 किलोमीटर दूर चोलना स्थित सरकारी प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालय का दौरा किया था। निरीक्षण करने पहुंचे शर्मा को पता चला कि हेडमास्टर चमन लाल कंवर और दो अन्य गेस्ट टीचर स्कूल में मौजूद नहीं थे। उनकी जगह कंवर का बेटा राकेश प्रताप सिंह स्कूल में पढ़ा रहा है। आगे जांच करने पर पता चला कि वह बच्चों को पढ़ाने के साथ स्कूल प्रबंधन का काम भी देखता है।

जिला पंचायत ने दर्ज कराई आपत्ति

हेडमास्टर की जगह उनके बेटे को पढ़ाते हुए पाए जाने के बाद जिला पंचायत सीईओं ने आपत्ति दर्ज कराई। इसके साथ ही अनऑथराइज्ड रूप से स्कूल में कार्य किए जाने पर एक्शन लेते हुए राकेश प्रताप के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराए जाने के निर्देश दिए।

बाप-बेटे पर दर्ज हुआ केस

सीईओ के निर्देश के बाद प्रखंड संसाधन केंद्र अधिकारी विष्णु मिश्रा ने हेडमास्टर के बेटे के खिलाफ मामला दर्ज करने के लिए जैतहरी थाना प्रभारी को पत्र लिखा था। वहीं, जैतहरी थाना प्रभारी राकेश धारिया ने बताया कि हेड मास्टर की अनुपस्थिति में उनके बेटे के अवैधानिक और अनाधिकृत रूप से स्कूल का संचालन करने की शिकायत मिली है। इस मामले में कार्रवाई करते हुए हेड मास्टर चमन लाल कंवर और उनके बेटे राकेश प्रताप सिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है।

Related Articles

Back to top button