स्वास्थ्य

बदबूदार सांस के कारण: जानिए क्यों आती है बुरी सांस और कैसे करें इसका इलाज

मुंह से आने वाली बदबू आमतौर पर किसी गंभीर कारणों की तरफ इशारा नहीं करती है. क्योंकि यह स्मेल खानपान और मुंह की सफाई पर निर्भर करती है. इसलिए डेंटिस्ट दिन में दो बार ब्रश की करने की सलाह और हर बार खाने के बाद पानी से कुल्ला करने की सलाह देते हैं.

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लेकिन यदि मुंह के हाइजीन का ध्यान रखने के बाद भी आपके मुंह से गंदी बदबू आ रही है तो शरीर में पल रही किसी गंभीर बीमारी का संकेत भी हो सकती है. जी, हां हॉपकिंस मेडिसिन के अनुसार, मुंह की बदबू की पहचान कई खतरनाक बीमारियों के शुरुआती संकेतों के रूप में की गई है. इस लेख में हम आपको इन 5 बीमारियों के बारे में यहां बता रहे हैं.

श्वसन तंत्र में इंफेक्श

साइनसाइटिस, ब्रोंकाइटिस और निमोनिया जैसे श्वसन संक्रमण होने से बॉडी में वाष्पशील सल्फर यौगिक (VSC) का स्तर बढ़ जाता है जिससे सांस से बदबू आने लगती है. इसके साथ ही जब ये संक्रमण होते हैं, तो श्वसन पथ में बैक्टीरिया बढ़ जाते हैं, जिससे स्मेल पैदा करने वाले तत्व बनने लगते हैं और सांस छोड़ने के साथ बाहर निकलते हैं. 

डाइजेशन प्रॉब्लम 

मुंह की दुर्गंध एसिड रिफ्लक्स, गैस्ट्रोएसोफेगल रिफ्लक्स रोग (GERD) और पेट के अल्सर जैसे पाचन विकार से संबंधित है. एसिड रिफ्लक्स तब होता है जब पेट का एसिड वापस अन्नप्रणाली में चला जाता है, जिससे मुंह में खट्टा स्वाद और गंध आती है. 

किडनी डिजीज

किडनी डिजीज शरीर से कचरा को निकालने की क्षमता को प्रभावित करता है. ऐसे में खून में टॉक्सिन की मात्रा ज्यादा होने से सांस में अमोनिया जैसी गंध आने लगती है, जिसे यूरेमिक ब्रीथ भी कहा जाता है.

डायबिटीज

बॉडी में लंबे समय तक शुगर की मात्रा ज्यादा होने से मुंह से बदबू आने लगती है. डायबिटीज वाले लोगों में यह बहुत ही आम समस्या है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि उनकी सांसों में कीटोन की ज्यादा होता है जो एक फल जैसी गंध पैदा करता है, जिसे 'एसीटोन सांस' के रूप में जाना जाता है.

लिवर में गड़बड़ी

सिरोसिस या फैटी लिवर डिजीज जैसे लिवर प्रॉब्लम होने से बॉडी के टॉक्सिन सही तरह से मेटाबोलाइज्ड नहीं हो पाते हैं. यही कारण है कि लिवर में गड़बड़ी होने पर सांसों से दुर्गंध आने लगती है.

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